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मध्यप्रदेश :- ग्वालियर में लॉन्च हुआ कॉरलिया डिजिटल हॉस्पिटल प्लेटफॉर्म एक क्लिक पर मिलेगी मरीज की मेडिकल हिस्ट्री....
छोटे और मंझोले अस्पतालों को डिजिटल बनाने की दिशा में पहल, रजिस्ट्रेशन से लेकर मेडिकल रिकॉर्ड और बिलिंग तक एक ही प्लेटफॉर्म पर ग्वालियर। स्वास्थ्य सेवाओं को डिजिटल तकनीक से जोड़ने की दिशा में ग्वालियर में शनिवार को कॉरलिया डिजिटल हॉस्पिटल प्लेटफॉर्म लॉन्च किया गया।
ऑपर्च्युनिटी ग्लोबल इन्फोटेक की ओर से तैयार किए गए इस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य अस्पतालों की विभिन्न व्यवस्थाओं को एक ही डिजिटल सिस्टम से संचालित करना और मरीजों के मेडिकल रिकॉर्ड को व्यवस्थित तरीके से उपलब्ध कराना है। क्या है कॉरलिया डिजिटल हॉस्पिटल प्लेटफॉर्म कॉरलिया एक मैनेज्ड डिजिटल हॉस्पिटल प्लेटफॉर्म है, जिसके जरिए अस्पतालों में मरीजों का रजिस्ट्रेशन, डॉक्टर अपॉइंटमेंट, मेडिकल रिकॉर्ड, बिलिंग और अन्य व्यवस्थाओं को एक ही सिस्टम पर मैनेज किया जा सकता है। कंपनी के मुताबिक, प्लेटफॉर्म का उद्देश्य अस्पतालों को अलग-अलग सॉफ्टवेयर और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर पर खर्च करने की जरूरत को कम करना है। खासतौर पर छोटे और मंझोले अस्पतालों के लिए यह व्यवस्था उपयोगी हो सकती है।
एक क्लिक पर मरीज की मेडिकल हिस्ट्री ऑपर्च्युनिटी ग्लोबल इन्फोटेक के डायरेक्टर एवं टेक लीड आशुतोष सक्सेना ने बताया कि कॉरलिया डिजिटल आईडी की सुविधा उपलब्ध कराता है, जो आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के डिजिटल हेल्थ इकोसिस्टम से जुड़ने की दिशा में काम करती है। उनके अनुसार, मरीज की उपलब्ध डिजिटल स्वास्थ्य जानकारी को अधिकृत डॉक्टर और स्वास्थ्य संस्थान जरूरत के मुताबिक एक्सेस कर सकते हैं। इससे मरीज को बार-बार अपनी पुरानी रिपोर्ट और मेडिकल दस्तावेज लेकर अलग-अलग अस्पतालों में जाने की परेशानी कम हो सकती है। कागजी रिकॉर्ड की जगह डिजिटल व्यवस्था अस्पतालों के सामने लंबे समय से मरीजों के मेडिकल रिकॉर्ड को सुरक्षित रखने की चुनौती रही है। कागजी फाइलों के लिए अतिरिक्त जगह, स्टाफ और रखरखाव की जरूरत होती है। वहीं, किसी पुराने रिकॉर्ड को जरूरत के समय तलाशना भी समय लेने वाला काम होता है। कॉरलिया के जरिए मरीजों से जुड़ी जानकारी को डिजिटल रूप से व्यवस्थित रखने की कोशिश की गई है। इससे अस्पतालों में रिकॉर्ड मैनेजमेंट आसान होने के साथ मरीजों की जानकारी तक अधिकृत स्तर पर पहुंच भी सुविधाजनक हो सकती है।डॉ. आरकेएस धाकड़ बोले- छोटे और मंझोले अस्पतालों के लिए उपयोगी गजरा राजा मेडिकल कॉलेज के डीन एवं हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. आरकेएस धाकड़ ने कॉरलिया डिजिटल हॉस्पिटल प्लेटफॉर्म को छोटे और मंझोले अस्पतालों के लिए उपयोगी पहल बताया। डॉ. धाकड़ के मुताबिक, अस्पतालों में पेपर रिकॉर्ड को संभालकर रखना काफी मुश्किल होता है और इसमें संसाधनों की भी खपत होती है। यदि मरीजों के रजिस्ट्रेशन, अपॉइंटमेंट, मेडिकल रिकॉर्ड और बिलिंग जैसी व्यवस्थाएं एक ही डिजिटल सिस्टम पर उपलब्ध हों, तो अस्पताल प्रशासन के कामकाज को अधिक व्यवस्थित किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि देश आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत कनेक्टेड हेल्थकेयर की दिशा में आगे बढ़ रहा है। ऐसे में अस्पतालों का डिजिटल रूपांतरण आने वाले समय में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक व्यवस्थित बनाने में मदद कर सकता है। डिजिटल हेल्थ की ओर बढ़ता कदम कॉरलिया डिजिटल हॉस्पिटल प्लेटफॉर्म के लॉन्च को अस्पतालों के डिजिटल रूपांतरण की दिशा में एक पहल के तौर पर देखा जा रहा है। इसका फोकस अस्पताल प्रशासन, मरीजों और चिकित्सकों के बीच डिजिटल सिस्टम के जरिए बेहतर समन्वय स्थापित करने पर है।



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